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Friday, September 13, 2019

पानी के लिए पांच दिन से परेशान 200 पुलिसकर्मी

ग्वालियर. शहर में रोज पानी सप्लाई होने के बावजूद भी शहर की सुरक्षा करने वाले पुलिसकर्मी और उनके परिजन ही इस पेयजल संकट के दौर से गुजर रहे हैं। क्योंकि पुलिस लाइन में पानी की सप्लाई पांच दिन से बंद है, डीआरपी लाइन में रहने वाले करीब 200 परिवार पानी के लिए जूझ रहे हैं।
गर्मी में पानी का टोटा क्यों पैदा किया गया है इसे लेकर पुलिस लाइन और पीएचई अधिकारियों की दलीलें अलग हैं। पीएचई का एक धड़ा पुलिस लाइन के नल कनेक्शन को अवैध बता रहा है, जबकि पीएचई अधिकारी कह रहे हैं कि पुलिस लाइन में पानी सप्लाई बंद है उन्हें तो पता तक नहीं है। इस खींचतान में पुलिसकर्मियों के परिवारों की फजीहत हो रही है। उन्हें पीने के लिए पानी का इंतजाम करना भी मुश्किल हो रहा है। पानी को लेकर लाइन में हो हल्ला मचा है तो टैंकर से घरों में पानी भरा जा रहा है, लेकिन इससे पूर्ति नहीं हो रही है।
पुलिस लाइन में पुलिसकर्मियों के परिवार पानी के लिए भटक रहे हैं। उन्हें यह तक नहीं पता कि आखिर बंद क्यों हैं। कोई कहता है कि बिल जमा नहीं हुआ है इसलिए पीएचई ने डीआरपी लाइन में आने वाला कनेक्शन काट दिया है। कुछ लोगों का कहना है कि लाइन खराब हो गई है इसलिए पानी नहीं आ रहा है। पुलिसकर्मियों के परिजन की दलील है कि परेशानी कुछ भी हो उसका निदान होना चाहिए। पानी के बिना वहां निवासरत लोगों का रुटीन बिगड़ गया है। शशि चौधरी कहती हैं परिवार के सदस्य बुखार में हैं, पति ड्यूटी चले जाते हैं पानी कहां से भरे इसके लिए परेशान होना पड़ता है। पति की वर्दी और बच्चों की डे्रस तक गंदी हो चुकी है। पीने के पानी का टोटा है तो कपड़े धोने की बात दूर की है। उर्मिला तोमर का कहना था कि पांच दिन से किल्लत है। आरआई को भी माजरा बता चुके हैं, लेकिन समस्या का समाधान नहीं हुआ है। टैंकर आता है तो कितने लोग उससे पानी भरेंगे। बिल भी भरते हैं उसके बावजूद परेशान होना पड़ रहा है। छात्रा दीप्ती तोमर का कहना था स्कूल कोचिंग जाने का वक्त होता है तो उसमें पानी भरने की जुगत लगाना पड़ती है सारा समय पानी भरने में ही निकल जाता तो पढ़ाई कब करें। कोई सुनने को तैयार नहीं है। रोजनश्री की परेशानी थी कि अब शरीर बूढ़ा हो रहा है। अब हमसे बाल्टी लादकर पानी नहीं लाया जाता। पति की पोस्टिंग बाहर है। बेटा पढऩे चला जाता है पानी की समस्या ऐसी है कि आफत हो गई। सब लोग पानी के पैसे दे रहे हैं फिर हमें पानी क्यों नहीं दिया जा रहा है।

अफसरों की अलग दलीलें
प्रभारी रक्षित निरीक्षक रुमा नाज कहती हैं कि पुलिस लाइन में पानी की किल्लत है उन्हें गुरुवार शाम को पता चला है। जिन लोगों के यहां समस्या सामने आई हैं उनके यहां टेंकर भेजकर पानी भरवाया है। पीएचई के दफ्तर जाकर वहां जानकारी चाही तो वहां समय पालक आनंद मिले उनका कहना था कि लाइन में कोई खराबी आई है पीएचई अपनी लेबर भेज देगी सर्विस चार्ज पुलिस को भुगतना पडेगा लाइन चेक करवा लेंगे। जब टाइम कीपर से इस बारे में पूछा तो वह खुद को छोटा कर्मचारी बताकर पल्ला झाड गया उसकी दलील थी कि ऐसा सुना है कि पुलिस लाइन में जो पानी जा रहा है उसका लेखा जोखा नहीं है। लाइन कैसे बंद हो गई उसे नहीं पता है।

किसी ने बताया ही नहीं पानी बंद है
&पुलिस लाइन में पानी के भुगतान का कुछ हिसाब किताब बचा है, कुछ भुगतान पुलिस विभाग ने कर दिया है कुछ बाकी है। लाइन में पानी की सप्लाई बंद है लोग परेशान हो रहे हैं इस बारे में कोई शिकायत सामने नहीं आई है। पुलिसकर्मी परेशान हो रहे हैं तो कम से कम लाइन के अधिकारियों को जानकारी तो देना थी। अब पता चला है कि वहां पानी नहीं आ रहा है तो सुबह लाइन चेक कराएंगे। विभाग की तरफ से लाइन में पानी सप्लाई बंद नहीं की गई है।
बीपी त्रिपाठी, एई पीएचई



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